जिम्मेदारी से भाग नहीं सकते: अव्यवस्थाओं के खिलाफ आवाज उठाएंः-

जोधपुरः ये तस्वीर हमारे असंवेदनशील और गैर जिम्मेदार व्यवहार की कहानी है। कितनी ही बड़ी घटना दुर्घटना क्यों न हो जाए, हम चार दिन तक बात करते हैं और फिर पूरी तरह से उसे भूला देते हैं। किसी भी घटना से सबक नहीं लेना हमारा चरित्र बन चुका है।
किस को दोष दें?
उस मूर्ख ड्राईवर को जो गलत दिशा में घुसे जा रहा था या फिर उसे जो बीच सड़क गाड़ी छोड़कर चाय पानी के लिए चला गया? या फिर वो अवैध धाबेवाला जिसने सिर्फ खुद का स्वार्थ देखा? या फिर NHAI जिसने टोल लेना तो शुरू कर दिया लेकिन इस हाईवे पर चलने वालों के लिए रेस्ट एरिया के काम पूरे नहीं किए और अवैध ढाबों को पनपने दिया?
अव्यवस्थाओं का अजगर: कब तक बचेंगे हम?
मुझे तो तरस आता है इन ढाबे वालों पर भी जितना खर्चा इनको बनाने में किया उतनी आय आज तक नहीं हुई होगी और अब सोया हुआ अजगरनुमा सिस्टम जागकर उसे नष्ट करने लगा है!
मुझे लगता है कि आम जनता भी इतनी ही जिम्मेदार है जो इतनी सारी अव्यवस्थाएं उसके चारों तरफ घटित हो रही हैं लेकिन वो सिर्फ संवेदना जताकर अपना पल्ला झाड़ रही है। याद रखिए ये अव्यवस्थाओं का अजगर किसी दिन आपके सामने भी आ सकता है!
रिपोर्टर – गंगा सिंह परिहार
